तलेन - (सतीश यादव ) धरासंतुष्टि एग्रीप्रेन्योर प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक लखन मंडल श्री और मुख्य कार्यकारी अधिकारी सुमित गौड़ का सफर इन्हीं शब्दों को साक्षात्कार करते हैं एक हि लक्ष्य को निरंतर पहले मध्यप्रदेश, बिहार, महाराष्ट्र और वर्तमान में उत्तरप्रदेश की धरा पर अपने जैविक , शैक्षणिक, स्वरोजगार, रोजगार कार्य क्षेत्र का प्रसार कर रहे हैं ,एक मामूली शुरूआत न्यूज पेपर बेचते बेचते कम्पनी का निर्माण करना और इसी भावना से और इस भावना को संरचना को सफलता का रूप देने में कृषि छात्र सुमित गौड़ और एक युवा कृषि उद्यमी लखन मंडल श्री सतत् लगे हुए हैं,इनका कार्यक्षेत्र एक नवाचार को जन्म देता है भारत की पहली कृषि छात्र की कम्पनी जिसका प्रत्येक विभाग का नेतृत्व कृषि छात्रों द्वारा किया जा रहा है , निदेशक और कार्यकारी अधिकारी का मानना है कि वर्तमान में कृषि छात्र स्वार्थ शिक्षा का भोग कर रहे हैं और इस वसुधा,धरती समाज का कल्याण भूलते जा रहे हैं ,और "वह शिक्षा किसी काम की नही जिससे उस निश्चित वर्ग का कल्याण न हो" , इसलिए हमारी कम्पनी द्वारा ऐसी सेवाओं का संचालन कार्पोरेट स्तर पर किया जा रहा है जिन्हें केवल अभी तक सेवा रूप अनुदानों जैसी अपंगता ने एक स्तर तक बांध रखा है , हमारे द्वारा जैविक कृषि को बढ़ावा देने के लिए कर्मचारी नियुक्ती , प्रशिक्षण के साथ ऐसी रोजगार प्राप्त करने वाली टीम का निर्माण किया जा रहा है जो इस कार्य को वर्तमान विपणन क्षेत्र की प्रतिस्पर्धा को टक्कर दे सके ,जब एक सामान्य कृषि छात्र 16 से 20 हजार रुपए प्रति महीने के वेतन के लिए देश के किसानों तक लाखों करोड़ों का जहर बेच कर भूमि और कृषक खपत को प्रभावित कर सकता है तो वह इसी रोजगार से कृषि छात्र जैविक कृषि संचालन सेवाओं को क्यों नही पहुंचा सकता है , अभी तक ऐसी पहल‌ पर किसी ने ध्यान नहीं दिया,यह शुरुआत धरासंतुष्टी एग्रीप्रेन्योर प्राइवेट लिमिटेड के माध्यम से मध्यप्रदेश से प्रारंभ होकर महाराष्ट्र, बिहार, उत्तरप्रदेश तक पहुंच चुकी है,कार्य प्रगति के साथ रूझान के तौर पर समर्थकों का सहयोग मिलता जा रहा है , उत्तरप्रदेश में कम्पनी द्वारा अपनी नींव आदरणीय मनोज कुमार जी राजपूत के साथ रखी गई धरासंतुष्टी टीम इनका आभार व्यक्त करती है।