राजगढ़ माचलपुर :-आदर्श विद्या मंदिर में एक साहसी आदिवासी गांव का योगी योद्धा जिसने सज्जन लोगों वह देशभक्त आम जंगलों में बसे आदिवासी लोगों की शक्ति का जागरण करते हुए अंग्रेजो के खिलाफ खड़े किए थे, तथा कई बार अंग्रेजों को हराया , जिनके प्रयास की आजादी का कर्ज हमारे देश वासियों के ऊपर है| गांव अभाव में पले साहसी क्रांतिकारी महापुरुष को स्मरण करने विद्यालय तथा पतंजलि परिवार द्वारा किया कबड्डी का स्वदेशी खेल| बिरसा मुंडा जयंती पर खेलो के महत्व पर की बालको की सभा जिसमें खेल का महत्व पतंजलि के युवा भारत संगठन जिला सह प्रभारी श्री महेश जी दांगी ने बताते हुए कहा साहसी बनने तथा उत्साही रहने का लाभ खेलो से मिलता है| स्वदेशी खेल से शरीर तक स्वस्छ स्वस्थ्य रहता है| योग प्रचारक संत राम ने बच्चों को बताया कि लाखों देशभक्त क्रांतिकारियों ने शहीद होकर जो आजादी हमको दी| उस को संभालने हैतू सुबह-सुबह जल्दी जागते हुए दिनचर्या में योग अपनाना है ,तथा मन एकाग्र कर प्रसंन्ता ,उत्साह के साथ अपनी शरीरिक शक्ति ,बौद्धिक क्षमता को बढ़ाते हुए कर्म योग करना हे| और माता-पिता तथा गुरुजनों वह देश का नाम रोशन करते हुए इन शहीदों की आत्मा को तृप्ति खुशी देना |इस अवसर पर विद्यालय के प्राचार्य जगदीश जी गुर्जर व सभी विद्यालय परिवार सहभागी रहे|