अनिल उपाध्याय खातेगांव किसी भी तरह की सूचना और दुर्घटना होने पर मौके पर पहुंचने वाले पायलटों के खाने के लाले पड़ गए हैं। पायलट वेतन नहीं मिलने से परेशान हैं। उन्हें बीते चार माह का वेतन नहीं मिला है। वेतन के लिए तरस रहे पायलटों की आर्थिक स्थिति खराब हो गई है। वेतन नहीं मिलने से परेशान हैं लेकिन उनकी समस्या का हल अब तक नहीं निकल पाया है। अपराध पर लगाम लगाने के लिए शुरू की गई डायल 100 एफआरवी सेवा बदहाल होती जा रही है। इसकी मुख्य वजह यह है कि देवास जिले में डायल 100 एफआरवी पर कार्यरत पायलट इन दिनों खासे परेशान हैं। कार्य करवाने के बाद भी इन पायलटों की सुध नहीं ली जा रही है। पायलटों को वेतन नहीं दिया गया। करीब चार माह से यह स्थिति बनी हुई है। बिना वेतन के ही पायलेट काम करने में मजबूर हैं। इससे उनकी आर्थिक स्थिति दिन ब दिन खराब होती जा रही है। इसका असर उनके परिवार पर भी पड़ने लगा है। वेतन नहीं मिलने से परेशान पायलटों के सामने भूखों मरने जैसी नौबत आ गई है। पारिवारिक विवाद तक होने लगे हैं। पता चला है कि बीते चार माह का वेतन किसी भी पायलट को नहीं मिला है। फरवरी भी हो गया है। ऐसे में पायलटों के माथे पर चिंता की लकीर है।
वेतन को तरसे डायल 100 एफआरवी वाहन के पायलट