अमेरिका के इतिहास की सबसे घातक गोलीबारी में कम से कम 58 लोगों की मौत हुई है जबकि 500 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं। न्यूज एजेंसी रॉयटर्स के मुताबिक आतंकी संगठन ISIS ने इस भीषण हमले की जिम्मेदारी ली है। वहीं न्यूज एजेंसी एपी के मुताबिक ISIS ने कहा है कि हमलावर ने कुछ महीने पहले ही धर्मपरिवर्तन कर इस्लाम अपनाया था। दूसरी तरफ अमेरिकी एजेंसी एफबीआई ने ISIS के दावे को खारिज किया है। FBI ने कहा है कि लास बेगस अटैक का किसी अंतरराष्ट्रीय आतंकी संगठन से कोई संबंध नहीं है। अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने देश के नाम अपने संबोधन में लास वेगस गोलीबारी को राक्षसी कृत्य बताया है। उन्होंने कहा कि सुरक्षा एजेंसियां जांच में जुटी हैं। ट्रंप ने पीड़ितों तक जल्द राहत पहुंचाने के लिए लास वेगस पुलिस की तारीफ की।